
रुद्रप्रयाग। केदारनाथ धाम की पैदल यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं के लिए सोमवार को एक बार फिर मुश्किलें बढ़ गईं। गौरीकुंड से करीब ढाई किलोमीटर आगे चीरबासा क्षेत्र में बारिश के बाद पहाड़ी से मलबा और पत्थर आने के कारण पैदल मार्ग अवरुद्ध हो गया। यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने सोनप्रयाग और गौरीकुंड से आगे केदारनाथ की ओर जाने वाली आवाजाही फिलहाल रोक दी है।
जानकारी के अनुसार, चीरबासा के पास पैदल मार्ग को दुरुस्त करने और क्षतिग्रस्त हिस्सों की मरम्मत का कार्य सुबह से चल रहा था। इस दौरान केदारनाथ से वापस लौट रहे यात्रियों को भी स्थिति के अनुसार सुरक्षित तरीके से मार्ग पार कराया जा रहा था। इसी बीच क्षेत्र में बारिश शुरू होने के बाद अचानक दोबारा मलबा और बोल्डर रास्ते पर आ गए, जिससे आवाजाही पूरी तरह बाधित हो गई।
मार्ग बंद होने के बाद धाम से लौट रहे यात्रियों को यात्रा मार्ग के बीच स्थित सुरक्षित पड़ावों पर रोकने की व्यवस्था की जा रही है। प्रशासन की टीमें मौके पर हालात पर नजर बनाए हुए हैं और मार्ग को सुरक्षित बनाने का काम किया जा रहा है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि चीरबासा क्षेत्र में बारिश के चलते पैदल मार्ग पर फिर से मलबा और पत्थर आए हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सोनप्रयाग और गौरीकुंड से आगे जाने वाले यात्रियों को रोक दिया गया है। मार्ग की स्थिति का जायजा लेने के बाद ही आगे यात्रा शुरू करने को लेकर निर्णय लिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि मौके पर प्रशासन और पुलिस की टीमें तैनात हैं। यात्रियों से अपील की गई है कि वे सोनप्रयाग और गौरीकुंड में ही ठहरें और मार्ग पूरी तरह सुरक्षित होने तक आगे बढ़ने का प्रयास न करें।
मौसम साफ होने पर हेली सेवा से पहुंचे श्रद्धालु
सोमवार सुबह मौसम की स्थिति अनुकूल रहने के दौरान हेली सेवा के जरिए कुछ यात्रियों ने केदारनाथ धाम की यात्रा की। हालांकि बाद में बारिश और पैदल मार्ग पर मलबा आने के कारण पैदल यात्रा प्रभावित हुई। प्रशासन की ओर से यात्रियों से मौसम और यात्रा मार्ग से संबंधित अपडेट पर नजर रखने की अपील की गई है।



