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चारधाम यात्रा 2026: पंजीकरण के बाद तुरंत मिलेगा टोकन, सरकार ने जारी किए नए दिशा-निर्देश

उत्तराखंड में चारधाम यात्रा को अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन ने नए दिशा-निर्देश लागू किए हैं। अब श्रद्धालुओं को पंजीकरण के बाद उनके दस्तावेजों का सत्यापन होते ही तुरंत टोकन दिया जाएगा, जिससे दर्शन प्रक्रिया तेज और सुगम हो सके।

देहरादून से जारी जानकारी के अनुसार बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में दर्शन के लिए पहले रजिस्ट्रेशन जरूरी है। सत्यापन पूरा होने के बाद ही यात्रियों को टोकन मिलेगा और उसी निर्धारित तारीख पर उन्हें धाम में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।

यात्रियों की सुविधा के लिए जानकीचट्टी, यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ, बदरीनाथ और माणा जैसे स्थानों पर टोकन वितरण की व्यवस्था की गई है। वहीं बड़कोट, हिना, सोनप्रयाग, पांडुकेश्वर और गोविंदघाट में दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन किया जा रहा है।

पर्यटन विभाग के अनुसार यह पूरी व्यवस्था यात्रा को सरल, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से लागू की गई है। यह दिशा-निर्देश राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों, पुलिस प्रशासन और पर्यटन से जुड़े सभी विभागों को भेजे गए हैं।

पंजीकरण प्रक्रिया

चारधाम यात्रा के लिए पंजीकरण अनिवार्य है और इसे आधार से जोड़ा गया है। यात्री ऑनलाइन पोर्टल, मोबाइल ऐप या ऑफलाइन केंद्रों के माध्यम से रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। पंजीकरण के बाद एक कन्फर्मेशन मैसेज और क्यूआर कोड वाला दस्तावेज जारी किया जाता है, जिसे यात्रा के दौरान दिखाना जरूरी होगा।

ऑनलाइन पंजीकरण के लिए वेबसाइट:
www.registrationandtouristcare.uk.gov.in

हेलीकॉप्टर बुकिंग के लिए वेबसाइट:
https://www.heliyatra.irctc.co.in

ऑफलाइन पंजीकरण केंद्र:

  • देहरादून (हरबर्टपुर, नयागांव)
  • हरिद्वार (राही होटल)
  • ऋषिकेश (आईएसबीटी ट्रांजिट कैंप, आरटीओ, गुरुद्वारा)

हेल्पलाइन और संपर्क

स्वास्थ्य संबंधी सलाह

यात्रा पर जाने से पहले स्वास्थ्य जांच कराना जरूरी है। कम से कम 7 दिन का प्लान बनाएं ताकि शरीर ऊंचाई के अनुकूल हो सके। रोजाना 5–10 मिनट श्वास अभ्यास और 20–30 मिनट पैदल चलना फायदेमंद रहेगा।

55 वर्ष से अधिक आयु के लोग, गर्भवती महिलाएं और हृदय, उच्च रक्तचाप, अस्थमा या मधुमेह से पीड़ित यात्रियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। यात्रा के दौरान गर्म कपड़े, रेनकोट, छाता और जरूरी दवाइयां साथ रखें।

जरूरी सावधानियां

प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा से जुड़ी किसी भी अपुष्ट खबर, वीडियो या सोशल मीडिया पोस्ट को साझा न करें। भ्रामक जानकारी फैलाने पर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

साथ ही केवल अधिकृत वेबसाइट और सेवाओं का ही उपयोग करें, ट्रैफिक नियमों का पालन करें और वाहन निर्धारित स्थानों पर ही पार्क करें।

क्या करें

  • पंजीकरण दस्तावेज और टोकन साथ रखें
  • यात्रा से पहले हेल्थ चेकअप कराएं
  • प्रशासन के निर्देशों का पालन करें
  • लंबी यात्रा में दो चालक रखें
  • मंदिर परिसर की गरिमा बनाए रखें

क्या न करें

  • पहाड़ों में तेज गति से वाहन न चलाएं
  • कचरा या प्लास्टिक का उपयोग न करें
  • शराब या तंबाकू का सेवन न करें
  • बिना अनुमति वीडियो/रील न बनाएं
  • निजी वाहन को टैक्सी की तरह इस्तेमाल न करें
  • ज्वलनशील वस्तुएं साथ न रखें

आपदा संबंधी अलर्ट के लिए यात्रियों को NDMA का SACHET ऐप डाउनलोड करने की भी सलाह दी गई है।

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